Motihari | आशा कुमारी|
मोतिहारी। प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन ऑफ टीचर्स वेलफेयर, पूर्वी चंपारण के एक प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को अध्यक्ष संतोष कुमार रौशन के नेतृत्व में मोतिहारी के विधायक प्रमोद कुमार को बिहार के मुख्यमंत्री एवं शिक्षा मंत्री के नाम एक 10 सूत्री मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा।
ज्ञापन में बिहार के निजी विद्यालयों के समक्ष उत्पन्न विभिन्न प्रशासनिक, तकनीकी एवं नीतिगत समस्याओं को प्रमुखता से उठाया गया। संगठन ने विद्यालय मान्यता आवेदन की समय-सीमा में विस्तार, यू-डाइस एवं अन्य विभागीय प्रक्रियाओं के सरलीकरण, विभिन्न पोर्टलों के एकीकरण, प्रशिक्षण व्यवस्था, प्रस्वीकृति नवीनीकरण अवधि को 5 वर्ष करने तथा निजी विद्यालयों को शिक्षा एवं रोजगार के महत्वपूर्ण सहयोगी के रूप में मान्यता देने सहित 10 महत्वपूर्ण मांगें सरकार के समक्ष रखीं। संगठन के प्रतिनिधियों ने कहा कि निजी विद्यालय राज्य की शिक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के साथ-साथ लाखों शिक्षित एवं गैर-शिक्षित लोगों को रोजगार उपलब्ध करा रहे हैं। ऐसे में उनकी व्यावहारिक समस्याओं का समाधान राज्य के समग्र शैक्षणिक विकास के लिए आवश्यक है। विधायक प्रमोद कुमार ने प्रतिनिधिमंडल की बातों को गंभीरता से सुना तथा आश्वासन दिया कि ज्ञापन में उल्लिखित सभी 10 सूत्री मांगों को विधिसम्मत तरीके से सरकार के समक्ष उठाने एवं उनके समाधान के लिए हरसंभव प्रयास किया जाएगा। उन्होंने कहा कि निजी विद्यालय शिक्षा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं तथा उनकी जायज समस्याओं के समाधान हेतु सकारात्मक पहल की जाएगी। इस अवसर पर संगठन के प्रमुख पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे, जिनमें भूषण कुमार, अभय कुमार मिश्रा, शिव किशोर सिंह, मृत्युंजय कुमार मिश्रा, पुण्यदेव प्रसाद यादव, धर्मेन्द्र कुमार मिश्रा, प्रमोद कुमार सिंह एवं वाल्मीकि किशोर सहित अन्य सदस्य शामिल थे।












