मोतिहारी। आशा कुमारी
जिले के तुरकौलिया प्रखंड अंतर्गत शंकर सरैया उत्तरी पंचायत स्थित नवसृजित प्राथमिक विद्यालय शेख शरण टोला को स्थापना के करीब 20 वर्ष बाद भी अपना भवन नसीब नहीं हो पाया है। विद्यालय के लिए भूमि उपलब्ध होने और उसकी चाहरदीवारी निर्माण हो जाने के बावजूद अब तक भवन निर्माण नहीं होना स्थानीय लोगों और जनप्रतिनिधियों में नाराजगी का कारण बना हुआ है। विद्यालय को भवन नहीं होने के कारण पिछले 13 वर्षों से इस विद्यालय को फतेह टोला उत्क्रमित मध्य विद्यालय में टैग कर संचालित किया जा रहा है। इससे छात्रों को रोजाना आवागमन में काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। खासकर छोटे बच्चों के लिए मुख्य सड़क पार कर विद्यालय जाना जोखिम भरा साबित हो रहा है। छुट्टी के समय शिक्षक खुद सड़क पर खड़े होकर बच्चों को सुरक्षित पार कराते हैं, जो स्थिति की गंभीरता को दर्शाता है।विद्यालय में प्रधानाध्यापक रवि कुमार मिश्र सहित कुल पांच शिक्षक पदस्थापित हैं, लेकिन एक ही परिसर में दो विद्यालयों के संचालन से शिक्षण व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। शिक्षकों को कक्षाओं के संचालन में दिक्कतें आती हैं, वहीं बच्चों को भी समुचित वातावरण नहीं मिल पा रहा है।स्थानीय मुखिया असरफ आलम ने बताया कि पंचायत की राशि से विद्यालय परिसर की चाहरदीवारी का निर्माण करा दिया गया है और भूमि का अनापत्ति प्रमाण पत्र भी पहले ही प्राप्त हो चुका है। इसके बावजूद विभागीय उदासीनता के कारण भवन निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है। उन्होंने कहा कि यदि इस शैक्षणिक सत्र में भवन निर्माण कार्य शुरू नहीं होता है, तो वे इसे लेकर जनआंदोलन करने को बाध्य होंगे।प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी जितेंद्र कुमार ने बताया कि उनके स्तर से कई बार जिला शिक्षा विभाग को पत्र लिखकर भवन निर्माण कराने का आग्रह कर चुके है। उन्होंने भी माना कि एक ही परिसर में दो विद्यालय चलने से शिक्षकों और छात्रों दोनों को परेशानी हो रही है। स्थानीय लोगों ने जल्द से जल्द विद्यालय भवन निर्माण की मांग की है, ताकि बच्चों को सुरक्षित और बेहतर शैक्षणिक माहौल मिल सके।












