डाक विभाग ने तय किया नए वित्तीय वर्ष का रोडमैप
-उप डाकघरों को 1320 और शाखाओं को 520 खातों का लक्ष्य
– डाक अधीक्षक ने कर्मियों को ऊर्जा और समर्पण के साथ काम करने का दिया मंत्र
देश वाणी। दिलीप दुबे
मोतिहारी। प्रधान डाकघर के सभागार में शनिवार को चंपारण प्रमंडल के डाक अधीक्षक मुकेश कुमार लश्कर की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण व्यवसाय समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक में प्रमंडल के सभी पोस्टमास्टर, डाक सहायक, पोस्टमैन और एमटीएस कर्मी मुख्य रूप से शामिल हुए।
बैठक के दौरान बीते वित्तीय वर्ष में डाक विभाग द्वारा किए गए व्यावसायिक कार्यों, विभिन्न सरकारी योजनाओं की प्रगति तथा राजस्व वृद्धि की विस्तृत समीक्षा की गई। डाक अधीक्षक श्री लश्कर ने कर्मचारियों के प्रदर्शन पर संतोष व्यक्त करते हुए उनके कार्यों की सराहना की। उन्होंने कहा की पिछले वर्ष कर्मचारियों ने जिस उत्साह, प्रतिबद्धता और गति के साथ अपने विभागीय दायित्वों का निर्वहन किया है, वह सराहनीय है। आगामी वित्तीय वर्ष में भी इसी ऊर्जा और समर्पण को बनाए रखने की आवश्यकता है।
डाक अधीक्षक ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि आज का डाक विभाग केवल चिट्ठी-पत्री बांटने तक सीमित नहीं रह गया है। बदलते दौर में यह जनविश्वास, वित्तीय समावेशन और सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने का एक बेहद मजबूत माध्यम बन चुका है। ऐसे में हर स्तर के कर्मचारी की जिम्मेदारी पहले से कहीं अधिक बढ़ गई है।
वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए नए लक्ष्य निर्धारित
बैठक में नए वित्तीय वर्ष (2026-27) के लिए व्यवसाय को गति देने हेतु सभी डाकघरों को स्पष्ट लक्ष्य सौंपे गए। प्रत्येक उप डाकघर को 1320 नए खाते खोलने का लक्ष्य दिया गया है। जबकि प्रत्येक शाखा डाकघर को 520 नए खाते खोलने का लक्ष्य मिला है। डाक अधीक्षक ने स्पष्ट किया कि इन लक्ष्यों को समय पर हासिल करने के लिए टीमवर्क, बेहतर जनसंपर्क और उत्कृष्ट सेवा गुणवत्ता को प्राथमिकता देनी होगी।
इस उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में प्रमंडल के कई वरिष्ठ अधिकारी और कर्मी उपस्थित थे, जिनमें मुख्य रूप से सहायक डाक अधीक्षक पंकज कुमार, डाक निरीक्षक पंकज कुमार पंकज, कमलेश प्रसाद साह, कल्याण कमलेश व आशीष भारद्वाज आदि मौजूद थे।












