Bettiah.रवि कुमार मिश्रा।
बेतिया/नरकटियागंज। आवेदन लिखने के नाम पर रिश्वतखोरी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। वीडियो शिकारपूर थाना से जुड़ा हुआ बताया जा रहा है। वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। वीडियो में सादे लिबास में बैठा एक व्यक्ति थाने पहुंचे एक फरियादी से आवेदन लिखने के एवज में पैसे लेता हुआ दिखाई दे रहा है। वीडियो में वह कथित तौर पर फरियादी से पैसे लेते हुए यह कहता भी सुनाई दे रहा है की कागज, कलम फ्री का थोड़े ही आता है। जैसे ही यह मामला सोशल मीडिया पर वायरल हुआ और पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे, वरीय पुलिस अधीक्षक कुमार गौतम ने मामले पर त्वरित संज्ञान लिया। जांच रिपोर्ट के आधार पर आरोपी होमगार्ड जवान उमेश कुमार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।
क्या है पूरा मामला?
सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहे इस वीडियो के बारे में दावा किया जा रहा था कि पैसे लेने वाला व्यक्ति शिकारपुर थाने में तैनात कर्मी उमेश कुमार है। आवेदन लिखने जैसी बुनियादी मदद के लिए थाने में सरेआम पैसे के लेनदेन की इस घटना ने पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। इस वीडियो के सामने आने के बाद स्थानीय लोगों और प्रबुद्ध नागरिकों में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिल रही थी। हालांकि देशवाणी इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करता है।
मामले को देखते हुए एसएसपी कुमार गौतम के निर्देश पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी नरकटियागंज ने पूरे मामले की गहन जांच की।जांच रिपोर्ट में आरोपों की पुष्टि होने के बाद, त्वरित कार्रवाई करते हुए गृह रक्षक संख्या- 262757 उमेश कुमार को तत्काल प्रभाव से शिकारपुर थाना से हटा दिया गया है। साथ ही, उन्हें कर्तव्य से वंचित करते हुए उनका बंधपत्र खंडित करने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
वह इस मामले में बेतिया पुलिस ने एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर स्पष्ट किया कि बेतिया पुलिस भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम करती है। पुलिस प्रशासन की ओर से कड़ा संदेश देते हुए कहा गया कि किसी भी पुलिसकर्मी अथवा गृह रक्षक द्वारा भ्रष्टाचार, अनुशासनहीनता या किसी भी प्रकार की अवैध गतिविधियों में संलिप्तता पाए जाने पर कठोर एवं त्वरित दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। बेतिया पुलिस क्षेत्र में कानून व्यवस्था और जन-सेवा के सर्वोत्कृष्ट स्तर को बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।












