देशवाणी।अवधेश कुमार शर्मा।
बेतिया : बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राज्य के विभिन्न प्रखंडों में स्थापित 211 नए राजकीय डिग्री महाविद्यालयों में पठन-पाठन कार्य का विधिवत शुभारंभ किया। इसी क्रम में पश्चिम चम्पारण जिले के आठ नवस्थापित राजकीय स्नातक महाविद्यालयों में भी शैक्षणिक गतिविधियां प्रारंभ हो गईं। इससे जिले के हजारों विद्यार्थियों, विशेषकर ग्रामीण एवं आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के युवाओं को अपने घर के निकट ही उच्च शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा।
जिले में जिन महाविद्यालयों में पठन-पाठन शुरू हुआ है, उनमें राजकीय डिग्री महाविद्यालय मझौलिया, चनपटिया, योगापट्टी, बैरिया, ठकराहां, सिकटा, भितहा एवं पिपरासी शामिल हैं। इन महाविद्यालयों के संचालन से विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए दूर-दराज के शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़ेगा, जिससे समय और आर्थिक संसाधनों दोनों की बचत होगी।
जिले का मुख्य उद्घाटन समारोह राजकीय डिग्री महाविद्यालय, चनपटिया में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विधायक अभिषेक रंजन, विधान पार्षद सौरभ कुमार, पूर्व विधायक उमाकांत सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। इस अवसर पर जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह, उप विकास आयुक्त काजले वैभव नितिन, अपर समाहर्ता राजीव रंजन सिन्हा, अपर समाहर्ता-सह-जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी अनील कुमार सिन्हा, विशेष कार्य पदाधिकारी (जिला गोपनीय शाखा) सुजीत कुमार, विभिन्न विभागों के पदाधिकारी, बड़ी संख्या में विद्यार्थी एवं स्थानीय नागरिक मौजूद रहे। वहीं जिले के अन्य सात नवस्थापित महाविद्यालयों में भी उद्घाटन एवं शुभारंभ समारोह आयोजित किए गए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक अभिषेक रंजन ने कहा कि नए डिग्री महाविद्यालय जिले के युवाओं के लिए उच्च शिक्षा का नया द्वार खोलेंगे। उन्होंने कहा कि अब विशेषकर छात्राओं को उच्च शिक्षा के लिए दूर के शहरों में नहीं जाना पड़ेगा। इससे नामांकन में वृद्धि होगी और क्षेत्र के सामाजिक तथा आर्थिक विकास को भी नई गति मिलेगी।
विधान पार्षद सौरभ कुमार ने कहा कि राज्य सरकार शिक्षा के क्षेत्र में आधारभूत संरचना का लगातार विस्तार कर रही है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को भी बेहतर शैक्षणिक अवसर उपलब्ध हो रहे हैं।
जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह ने इसे पश्चिम चम्पारण के लिए ऐतिहासिक एवं गौरवपूर्ण अवसर बताते हुए कहा कि एक साथ आठ नए राजकीय डिग्री महाविद्यालयों में पठन-पाठन शुरू होने से जिले में उच्च शिक्षा को नई दिशा मिलेगी। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन सभी संबंधित विभागों के समन्वय से महाविद्यालयों में आवश्यक आधारभूत सुविधाओं का विकास तथा बेहतर शैक्षणिक वातावरण सुनिश्चित करने के लिए निरंतर कार्य करेगा, ताकि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जा सके।
समारोह के दौरान विद्यार्थियों, विशेषकर छात्राओं एवं अभिभावकों में विशेष उत्साह देखने को मिला। सभी ने इसे जिले में उच्च शिक्षा के विस्तार की दिशा में ऐतिहासिक पहल बताते हुए राज्य सरकार के इस निर्णय का स्वागत किया। समर्थ पोर्टल के माध्यम से पश्चिम चम्पारण के आठों नए डिग्री महाविद्यालयों में अब तक कुल 1,371 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 322 विद्यार्थियों का नामांकन पूरा हो चुका है, जबकि शेष नामांकन प्रक्रिया जारी है। राजकीय डिग्री महाविद्यालय, पिपरासी के प्राचार्य डॉ. चंद्रभूषण बैठ ने बताया कि उनके महाविद्यालय में अब तक 22 विद्यार्थियों का नामांकन हुआ है, जिनमें 19 छात्राएं एवं 3 छात्र शामिल हैं। यह आंकड़ा ग्रामीण क्षेत्रों में छात्राओं की उच्च शिक्षा के प्रति बढ़ती जागरूकता का सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।












