HomeBig Breakingचोरी के मोबाइल का अंतरराष्ट्रीय सेफ ठिकाना बना नेपाल, रक्सौल में दर्जनों...

चोरी के मोबाइल का अंतरराष्ट्रीय सेफ ठिकाना बना नेपाल, रक्सौल में दर्जनों मोबाइल बरामद, पांच गिरफ्तार

-

रक्सौल | अनिल कुमार|


नेपाल भेजे जा रहे थे चोरी के मोबाइल

Motihari | रक्सौल । मोबाइल चोरी के एक अंतरराष्ट्रीय गिरोह का भंडाफोड़ हुआ है। रेल पुलिस और आरपीएफ की संयुक्त कार्रवाई में एक महिला समेत पांच को गिरफ्तार किया गया है। पकड़े गए लोगों के पास से 67 चोरी के एंड्रॉइड मोबाइल और एक काली हीरो स्प्लेंडर बाइक ज़ब्त की गयी है। सभी अभियुक्त चोरी के मोबाइल नेपाल भेजने की तैयारी में थे।

नेपाल में इन मोबाइल की ट्रैकिंग मुश्किल होती है, जिससे वहां इन्हें बेचना आसान होता है।

रक्सौल जंक्शन- चोरी के मोबाइल का अंतरराष्ट्रीय गिरोह।

सत्याग्रह एक्सप्रेस से कर रहे थे सफर

गिरोह के सदस्य दिल्ली से चलने वाली सत्याग्रह एक्सप्रेस से रक्सौल आ रहे थे। सामान्यतः यह ट्रेन नरकटियागंज होकर गुजरती है, जहां गिरेह के सदस्य उतरकर चोरी के मोबाइल नेपाल ले जाते थे। लेकिन इस बार ट्रेन का रूट बदला गया और वह सीधे रक्सौल पहुंची। जब ये सभी रक्सौल स्टेशन से उतरकर मालगोदाम रोड की ओर बढ़े, तो उनकी गतिविधियां पुलिस को संदिग्ध लगीं।


रेलवे पुलिस की सतर्कता से पकड़े गए

आईओसी गेट के पास आरपीएफ और जीआरपी की टीम ने आरोपियों को रोका और तलाशी ली। उनके पास से 67 चोरी के मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल मिली। गिरफ्तार किए गए लोगों में सोनेलाल साह (31), परमेश बैठा (38), मनजीत कुमार (21), बीरेन्द्र कुमार (19) और फुलैची देवी (35) शामिल हैं। ये सभी प चंपारण के कंगली थाना क्षेत्र के निवासी हैं।


पूछताछ में सामने आया बड़ा अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क

गिरफ्तार आभियुक्तों ने बताया कि वे दिल्ली के जामा मस्जिद इलाके से चोरी के मोबाइल खरीदते थे। इन मोबाइल को बिहार लाकर नेपाल में ऊंचे दामों पर बेचा जाता है। नेपाल में इन मोबाइल की ट्रैकिंग मुश्किल होती है, जिससे वहां इन्हें बेचना आसान होता है।


नेपाल: मोबाइल तस्करों का पसंदीदा ठिकाना क्यों?

  • नेपाल में IMEI नंबर बदलकर मोबाइल बेचना आसान होता है।
  • भारत-नेपाल सीमा खुली होने से बिना पासपोर्ट-वीजा आना-जाना संभव है।
  • नेपाल के ग्रामीण इलाकों में सस्ते स्मार्टफोन की मांग ज्यादा है।
  • चोरी के मोबाइल का इस्तेमाल फर्जी सिम, कॉल रूटिंग और देशविरोधी गतिविधियों में भी होता है।

पुलिस का बयान

रेल डीएसपी उमेश प्रसाद ने बताया कि सभी आरोपियों के खिलाफ रेल थाना रक्सौल में कांड संख्या 12/25, दिनांक 17 जनवरी 2025 को बीएनएस की धारा 317(2), 317(4)/111 के तहत मामला दर्ज किया गया है। पूछताछ के बाद सभी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है।


टीम को मिली बड़ी सफलता

इस कार्रवाई में आरपीएफ इंस्पेक्टर ए.के. चौधरी, जीआरपी इंस्पेक्टर पवन कुमार, आरपीएफ एसआई संतोष मिश्रा समेत पूरी टीम शामिल थी, जिनकी सतर्कता से यह अंतरराष्ट्रीय गिरोह पकड़ा गया।


फोटो कैप्शन: सत्याग्रह एक्सप्रेस से पकड़े गए मोबाइल तस्कर – महिला समेत पांच गिरफ्तार


अगर आप चाहें तो इसे एक न्यूज वेबसाइट या प्रिंट पेपर के लिए तैयार फॉर्मेट में भी सेट कर सकता हूँ (जैसे हेडलाइन अलग फॉन्ट में, फोटो के लिए जगह आदि)।

Related articles

Bihar

Latest posts