देशवाणी
बेतिया : पश्चिम चम्पारण जिला अंतर्गत सीमा सड़क संगठन निर्मित सीमाई सड़क स्थित कंगली थाना क्षेत्र के सदभाव नदी के पास बुधवार रात लगभग 10:30 बजे पुलिस गश्ती दल को देख नेपाल से गाँजा लेकर भारत आने वाले दो तस्कर गांजा फेंक कर पुनः नेपाल की सीमा में घुस गये। पुलिस की सीमा सुरक्षा के निमित्त नियमित कर्त्तव्य पालन के दृष्टिगत तस्कर गाँजा फेंकने को विवश हो गए जबकि अंतर्राष्ट्रीय नियमन के दृष्टिगत बिहार पुलिस नेपाल में प्रवेश नहीं कर सकी, जिसके कारण तस्कर भागने में सफल रहे। तस्करों के फेंके गए दो बोरा पॉलीबैग से 46 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। थानाध्यक्ष उमेश कुमार के अनुसार उन्होंने गुप्त सूचना पर क्षेत्र में चौकसी बढ़ाया और नेपाल से गाँजा की खेप लेकर भारत में घुसने वाले दोनों तस्कर ने पुलिस गश्ती दल को देख अपनी जान बचाने को गाँजा फेंक फरार हो गए। बेतिया पुलिस ने दो बोरा गाँजा बरामद किया, तस्करों के पॉलीबैग में चार पैकेट में 46 किलोग्राम गाँजा रखा पाया गया। उपर्युक्त मामला में पुलिस ने अज्ञात के विरुद्ध काण्ड अंकित कर अनुसंधान प्रारंभ किया है। भारत-नेपाल सीमा पर नेपाली पुलिस भारत में और भारतीय पुलिस नेपाल में बिना अनुमति के प्रवेश नहीं कर सकती है। उल्लेखनीय है कि भारत और नेपाल की खुली सीमा अवश्य है और दोनों के व्यापारिक सम्बंध भी हैं। दोनों देश के मध्य खुली सीमा व्यवस्था का तात्पर्य यह नहीं कि दोनों देश की पुलिस या सुरक्षा बल बिना अनुमति एक-दूसरे के क्षेत्र में कार्रवाई कर सकें।
किसी भी देश की सीमा में प्रवेश करना, अंतर्राष्ट्रीय नियमों के विरुद्ध है। दूसरे देश की सीमा में जाकर आपने कानून व्यवस्था लागू करने का अधिकार अन्य देश को नहीं है। उसी देश की संप्रभु सरकार और उसकी एजेंसियों के पास होता है। भारत की पुलिस या सुरक्षा एजेंसियां सामान्य परिस्थितियों में नेपाल की सीमा में सीधे प्रवेश नहीं करतीं, क्योंकि नेपाल एक संप्रभु राष्ट्र है। इतना ही नहीं नेपाल की संप्रभुता सम्मान भारत की सेना, अर्द्ध सैनिक बल और पुलिस करती है। अंतरराष्ट्रीय कानून और द्विपक्षीय समझौता अंतर्गत किसी दूसरे देश में कार्रवाई के लिए अनुमति आवश्यक है। हालाकि खुली सीमा पर आवाजाही अपेक्षाकृत आसान है, लेकिन सुरक्षा नियम लागू रहते हैं। सीमा की निगरानी भारत की ओर से एसएसबी और नेपाल की ओर से सशस्त्र पुलिस बल एवं नेपाल पुलिस करती है। यदि कोई आरोपी या अपराधी भारत से नेपाल भाग जाता है, तो भारतीय पुलिस नेपाल पुलिस को सूचना देती है, आधिकारिक सहमति अनुमति उपरांत संयुक्त समन्वय स्थापित कर कार्रवाई करती है।












