देशवाणी । आशा कुमारी
मोतिहारी। जिला कृषि कार्यालय के सभागार में गुरुवार को खरीफ योजना की समाप्ति के उपलक्ष्य में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जिला कृषि पदाधिकारी मनीष कुमार सिंह, संयुक्त कृषि निदेशक संजय नाथ तिवारी, जेपीपीओ सीमा कुमारी, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी (सिकरहना) राजू कुमार गुप्ता, बजरंग कुमार सिंह सहित विभिन्न प्रखंडों के कृषि पदाधिकारी, बीएओ, डीलर, कृषि परामर्शी एवं तकनीकी सहायक उपस्थित रहे।
बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुजफ्फरपुर से आए संयुक्त कृषि निदेशक संजय नाथ तिवारी ने किसानों के हित में कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि किसानों को रासायनिक उर्वरकों के कम एवं संतुलित उपयोग के लिए प्रेरित करें। उन्होंने बताया कि अत्यधिक रासायनिक खाद के प्रयोग से मिट्टी की उर्वरा शक्ति लगातार घट रही है, जो भविष्य में कृषि के लिए गंभीर चुनौती बन सकती है।
उन्होंने टिकाऊ खेती को बढ़ावा देने के लिए जैविक एवं संतुलित उर्वरकों के उपयोग पर विशेष जोर दिया। साथ ही बीज की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से नियमित रूप से बीज के नमूने लेने के निर्देश दिए, ताकि बाजार में नकली या निम्न गुणवत्ता वाले बीजों की बिक्री पर प्रभावी रोक लगाई जा सके।
बैठक में खरीफ फसल के दौरान किए गए कार्यों की समीक्षा की गई तथा आगामी कृषि रणनीतियों पर विस्तार से चर्चा हुई। विभिन्न प्रखंडों के अधिकारियों ने अपने-अपने क्षेत्र की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। अधिकारियों को किसानों तक सरकारी योजनाओं का लाभ प्रभावी ढंग से पहुंचाने तथा उन्हें कृषि संबंधी नई तकनीकों एवं योजनाओं के प्रति जागरूक करने के निर्देश भी दिए गए।
अंत में जिला कृषि पदाधिकारी मनीष कुमार सिंह ने सभी अधिकारियों एवं कर्मियों से निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने तथा किसानों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर कार्य करने का आह्वान किया, ताकि जिले में कृषि उत्पादन के साथ-साथ उसकी गुणवत्ता में भी निरंतर सुधार हो सके।
बैठक में अरेराज के बीएओ अमरेंद्र कुमार, हरसिद्धि के बीएओ राघव प्रसाद, बीआरबीएन के डीलर रामबाबू कुँवर, संजय ठाकुर, अजय कुमार, रोहित सिंह, विवेक उपाध्याय, रामकिशोर सिंह, चूमन पांडेय, कृषि परामर्शी डॉ. मुकेश कुमार, तकनीकी सहायक अनिल सिंह, सुधीर कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहे।












