पटना से जितेन्द्र कुमार सिन्हा|
बीजेपी नेता डॉ. प्रेम कुमार निर्विरोध नये विधानसभा अध्यक्ष बनने जा रहे हैं, जबकि 18वीं बिहार विधानसभा का पांच दिवसीय शीतकालीन सत्र 1 से 5 दिसम्बर तक चलेगा, जिसमें राज्यपाल का संयुक्त अभिभाषण, अनुपूरक बजट और विनियोग विधेयक जैसी प्रमुख कार्यवाही होगी।
प्रेम कुमार का निर्विरोध निर्वाचन-
बीजेपी के वरिष्ठ नेता और गया सदर से लगातार नौवीं बार निर्वाचित विधायक डॉ. प्रेम कुमार को अठारहवीं बिहार विधानसभा का नये अध्यक्ष चुने जाने की लगभग औपचारिक पुष्टि हो गयी है।
उन्होंने विधानसभा सचिवालय में अध्यक्ष पद के लिए नामांकन पत्र दाखिल किया और विपक्ष की ओर से कोई नामांकन नहीं होने के कारण उनका निर्विरोध चुनाव तय माना जा रहा है।

नामांकन के बाद डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि यह जिम्मेदारी एनडीए नेतृत्व की सहमति से मिली है और वे सत्ता पक्ष व विपक्ष दोनों को साथ लेकर सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से चलाने की कोशिश करेंगे। लंबे विधायी अनुभव और कई बार मंत्री रहने के कारण उन्हें सदन संचालन में अनुभवी चेहरा माना जा रहा है।
सत्र के दूसरे दिन की कार्यवाही
अठारहवीं विधानसभा के प्रथम सत्र का दूसरा दिन अध्यक्ष के निर्वाचन के नाम रहेगा, जिसमें औपचारिक घोषणा के बाद सदन के नेता और विपक्ष के नेता नवनिर्वाचित अध्यक्ष को आसन तक लेकर जाएंगे और उनका अभिनंदन करेंगे। इसके बाद नियमित कार्यसूची के अनुसार सदन की कार्यवाही आगे बढ़ेगी और नवगठित सत्ता पक्ष तथा विपक्ष के बीच भविष्य के विधायी एजेंडे की रूपरेखा भी दिखेगी।
प्रोटेम स्पीकर के रूप में नरेंद्र नारायण यादव पहले दिन नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिला चुके हैं, जिसके बाद अब स्थायी अध्यक्ष के निर्वाचन से सदन की संरचना पूरी मानी जाएगी। नई विधानसभा में एनडीए गठबंधन के पास स्पष्ट बहुमत होने से अध्यक्ष पद पर सहमति बनाना सरकार के लिए आसान रहा।
पांच दिवसीय सत्र का कार्यक्रम-
बिहार विधानमंडल का यह शीतकालीन सत्र कुल पांच दिन तक चलेगा, जिसमें 1 दिसम्बर से 5 दिसम्बर तक दोनों सदनों की महत्वपूर्ण बैठकों का कार्यक्रम तय किया गया है। पहले दिन शपथ ग्रहण और औपचारिक कार्यवाही, दूसरे दिन अध्यक्ष का निर्वाचन और तीसरे दिन राज्यपाल का संयुक्त अभिभाषण प्रमुख रहेंगे।
राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान 3 दिसम्बर को विधानसभा और विधान परिषद के संयुक्त अधिवेशन को संबोधित करेंगे, जिसमें नई सरकार की नीतिगत प्राथमिकताओं और आगामी कार्ययोजना की रूपरेखा रखी जाएगी। इसी दिन राज्यपाल द्वारा पूर्व में प्रख्यापित अध्यादेशों की प्रतियां सदन की मेज पर रखी जाएंगी और दूसरा अनुपूरक बजट भी पेश किया जाएगा।
धन्यवाद प्रस्ताव और अनुपूरक बजट पर बहस-
चार दिसम्बर को राज्यपाल के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर विस्तृत चर्चा होगी, जिसमें सत्ता पक्ष अपनी नीतियों का बचाव करेगा और विपक्ष सरकार से सवाल पूछते हुए अपनी आपत्तियां दर्ज कराएगा। दिन के अंत में सरकार की ओर से धन्यवाद प्रस्ताव पर जवाब दिया जाएगा, जिसके आधार पर अभिभाषण को स्वीकृति मिलेगी।
सत्र के अंतिम दिन 5 दिसम्बर को दोनों सदनों में दूसरे अनुपूरक बजट पर चर्चा और मतदान होगा, जिसके बाद विनियोग विधेयक पेश कर पारित कराया जाएगा। इस सत्र के दौरान प्रश्नकाल जैसी सामान्य प्रक्रिया नहीं रखी गई है और केवल पूर्व निर्धारित विधायी कार्यों को ही निपटाने पर जोर रहेगा।
विधान परिषद के शीतकालीन सत्र की शुरुआत-
बिहार विधान परिषद का शीतकालीन सत्र भी इसी कार्यक्रम के साथ जुड़कर चलेगा, जिसमें पहले दिन ही राज्यपाल दोनों सदनों के संयुक्त अधिवेशन को संबोधित करेंगे। परिषद के सभापति अवधेश नारायण सिंह ने पूर्व-निर्धारित बैठक में सदस्यों को सत्र की रूपरेखा और समय-सारिणी की जानकारी दी है।
संयुक्त अधिवेशन और बजट संबंधी कार्यवाही के कारण विधान परिषद की बैठकें भी राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण मानी जा रही हैं, जहां सरकार और विपक्ष दोनों अपने-अपने राजनीतिक संदेश देने की कोशिश करेंगे।
संक्षिप्त तुलना तालिका-
बिंदु विवरण नये अध्यक्ष का नाम डॉ. प्रेम कुमार, बीजेपी, गया सदर से 9वीं बार विधायक।
निर्वाचन की स्थिति विपक्षी नामांकन न होने से निर्विरोध चयन लगभग तय।
सत्र की अवधि 1 से 5 दिसम्बर तक पांच दिवसीय सत्र।
राज्यपाल का अभिभाषण 3 दिसम्बर को दोनों सदनों के संयुक्त अधिवेशन में।
मुख्य वित्तीय कार्य दूसरा अनुपूरक बजट और विनियोग विधेयक का प्रस्तुतीकरण व पारित होना।
Patna |Dr. Prem Kumar, New Speaker of the 18th Bihar Legislative Assembly, Governor’s Address, and Supplementary Budget
Dr. Prem Kumar Takes Charge as New Speaker
Dr. Prem Kumar, the newly elected Speaker of the Eighteenth Bihar Legislative Assembly, has taken on the crucial responsibility of presiding over the proceedings of the house.
Governor’s Address
The session will feature the Governor’s Address (Rajyapal ka Abhibhashan), a customary speech outlining the government’s policy goals and legislative agenda for the upcoming year.
Supplementary Budget to be Presented
In addition to the legislative matters, a Supplementary Budget (Anupurak Budget) is also expected to be presented. This usually covers additional spending not included in the main annual budget.
Patna Dr. Prem Kumar, New Speaker 18th Bihar Legislative Assembly,












