हरसिद्धि (मोतिहारी)। हरसिद्धि थाना क्षेत्र के हरसिद्धि बाबू टोला गांव निवासी कृष्ण ठाकुर के 15 वर्षीय पुत्र छोटन कुमार की मौत प्रतिमा विसर्जन के दौरान पकड़िया बलुआ घाट सोनबरसा मन (झील) में डूबने से हो गयी। रविवार सुबह उसका शव झील से बरामद किया गया।
प्रतिमा विसर्जन के दौरान हादसा-
थाना अध्यक्ष सर्वेंद्र कुमार सिन्हा ने बताया कि मठ लोहियार पंचायत के अहीर टोली गांव में महायज्ञ हुआ था, जिसका प्रतिमा विसर्जन 28 मार्च को पकड़िया बलुआ घाट सोनबरसा मन में किया गया। उसी दौरान छोटन कुमार प्रतिमा के साथ पानी में चला गया, लेकिन कोई उसे देख नहीं सका।
जब वह घर नहीं लौटा, तो उसकी खोजबीन शुरू हुई। रविवार सुबह लोगों ने उसका शव पानी में तैरते हुए देखा, जिसके बाद पुलिस को सूचना दी गई। पुलिस ने शव बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए मोतिहारी भेज दिया। थाना अध्यक्ष ने बताया कि इस मामले में यूडी केस दर्ज किया जाएगा।
छोटन की मौत से परिवार में कोहराम, गांव में मातम-
छोटन की मौत के बाद उसके परिवार पर संकट का पहाड़ टूट पड़ा। घर में कोहराम मच गया, वहीं गांव में मातमी सन्नाटा पसर गया।
बीमार माता-पिता की हालत खराब-
छोटन के चाचा उमेश ठाकुर ने बताया कि उसके माता-पिता बीमार हैं। बेटे की मौत की खबर सुनकर वे गहरे सदमे में चले गए और रो-रोकर उनका हाल बुरा हो गया।
छोटन परिवार की आर्थिक मदद करता था
छोटन के बड़े भाई दीपक कुमार ने इस साल मैट्रिक परीक्षा दी है, जबकि उसका मंझला भाई दीपांशु कुमार सिकंदराबाद में काम करता है और परिवार का खर्च चलाता है। छोटन खुद छठी कक्षा का छात्र था और एक सैलून में काम कर कुछ पैसा कमा लेता था ताकि परिवार की मदद हो सके।
बूढ़ी दादी और भाई-बहनों का रो-रोकर बुरा हाल
छोटन की मौत से उसकी दादी बबूना देवी, भाई-बहन दीपांशु, नीतू और परिवार के अन्य सदस्य सदमे में हैं। बड़े चाचा सुरेश ठाकुर ने रोते हुए कहा कि अब परिवार की देखभाल कौन करेगा? वहीं, उसकी मां बेहोशी की हालत में चली गई है।
छोटन की असमय मौत ने न सिर्फ उसके परिवार बल्कि पूरे गांव को शोक में डूबो दिया है।