*डंकन अस्पताल में निःशुल्क क्लेफ्ट सर्जरी शिविर का एसडीएम नागमणि कुमार वर्मा ने किया निरीक्षण, 66 बच्चों की स्क्रीनिंग, 20 की सर्जरी
रक्सौल। अनिल कुमार। डंकन अस्पताल, रक्सौल में चल रहे निःशुल्क कटे होंठ, कटे तालू एवं टंग-टाई सर्जरी शिविर का मंगलवार को रक्सौल अनुमंडल पदाधिकारी नागमणि कुमार वर्मा ने दौरा किया। उन्होंने ऑपरेशन थिएटर, मरीजों के वार्ड एवं आईसीयू का निरीक्षण कर उपचार करा रहे बच्चों और उनके परिजनों से बातचीत की। इस दौरान उन्होंने शिविर में सेवा दे रहे चिकित्सकों, नर्सों, स्वयंसेवकों एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मियों से भी जानकारी ली।
एसडीएम ने जरूरतमंद एवं वंचित परिवारों के बच्चों को निःशुल्क उपचार उपलब्ध कराने के लिए डंकन अस्पताल की टीम के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे बच्चों को समय पर उपचार और आवश्यक चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना समाज के लिए महत्वपूर्ण सेवा है। उन्होंने विभिन्न जिलों से आए राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के प्रतिनिधियों से भी बातचीत कर बच्चों को उपचार के लिए डंकन अस्पताल तक पहुंचाने में उनके सहयोग की प्रशंसा की।
दौरे के दौरान एसडीएम ने नवनिर्मित डंकन स्कूल/कॉलेज ऑफ नर्सिंग का भी निरीक्षण किया। उन्होंने पुस्तकालय, बेसिक लैबोरेटरी एवं एडवांस्ड लैबोरेटरी की सुविधाओं का जायजा लिया और नर्सिंग विद्यार्थियों से संवाद किया। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित एवं मन लगाकर पढ़ाई करने तथा उपलब्ध शैक्षणिक एवं प्रयोगशाला सुविधाओं का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया।
डंकन अस्पताल के प्रबंध निदेशक डॉ. प्रभु जोसेफ से मुलाकात के दौरान एसडीएम ने शिविर में मरीजों के लिए की गई व्यवस्थाओं की जानकारी ली और पूरी टीम को बधाई दी। शिविर में बच्चों को निःशुल्क सर्जरी के साथ चिकित्सा देखभाल, भोजन, आवास एवं अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
66 बच्चों की स्क्रीनिंग, 20 की सर्जरी
डॉ. प्रभु जोसेफ ने बताया कि शिविर की शुरुआत 20 सितंबर को मरीजों की स्क्रीनिंग एवं जांच के साथ हुई थी। अब तक 66 बच्चों की स्क्रीनिंग की जा चुकी है, जिनमें से 20 बच्चों की आवश्यक सर्जरी सफलतापूर्वक की जा चुकी है। निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सर्जरी की प्रक्रिया आगे भी जारी है। बच्चों का उत्साह बढ़ाने के लिए उन्हें टी-शर्ट भी उपलब्ध कराई गई है।
शिविर में उत्तर बिहार के छह जिलों—पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, मधुबनी, मुजफ्फरपुर, सीतामढ़ी एवं दरभंगा—से बच्चों को उपचार के लिए लाया गया है। बच्चों के अभिभावकों ने अस्पताल में मिल रही चिकित्सा सुविधा, देखभाल, भोजन एवं आवास व्यवस्था की सराहना की।
यह शिविर डंकन अस्पताल, रक्सौल तथा राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम , राज्य स्वास्थ्य समिति, बिहार के संयुक्त सहयोग से आयोजित किया जा रहा है। शिविर का उद्देश्य कटे होंठ, कटे तालू एवं टंग-टाई से प्रभावित बच्चों को समय पर सुरक्षित और निःशुल्क सर्जिकल उपचार उपलब्ध कराना है, ताकि आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य, आत्मविश्वास और सामान्य जीवन की ओर बढ़ने का अवसर मिल सके।
फोटो -जरूरतमंद बच्चों के चेहरे पर मुस्कान लाने की पहल सराहनीय : एसडीएम



