पटना से जितेन्द्र कुमार सिन्हा की रिपेर्ट।
पारिवारिक सौहार्द और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक बनेगा यह आयोजन
ग्लोबल कायस्थ कांफ्रेंस (जीकेसी) दिनांक 3 अगस्त 2025, रविवार को पटना स्थित अपने केंद्रीय कार्यालय में ‘सावन महोत्सव’ का आयोजन करने जा रही है। इस खास पर्व का मुख्य उद्देश्य पारिवारिक सौहार्द, सांस्कृतिक उत्साह और पारंपरिक भारतीयता को बढ़ावा देना है।
आयोजन की मुख्य विशेषताएँ
इस सांस्कृतिक कार्यक्रम में जीकेसी की महिला सदस्य, पदाधिकारी और उनके परिवारजन पारंपरिक हरे परिधानों में शामिल होंगे, जो सावन के माह की हरियाली एवं उल्लास को दर्शाएंगे। कार्यक्रम की संयोजिका डॉ. निशा परासर तथा सह-संयोजिका आराधना कुमारी हैं। उनका प्रयास इस महोत्सव को महिला सहभागिता एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के ज़रिए खास एवं यादगार बनाने का है।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ और पारिवारिक भागीदारी
कार्यक्रम में गीत-संगीत, नृत्य, कविता पाठ, नाटक एवं पारंपरिक खेलों जैसी सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी जाएँगी। सभी सदस्यों को अपने पूरे परिवार के साथ आने के लिए उत्साहित किया जा रहा है, जिससे सामाजिक समरसता और पारिवारिक एकता और मजबूत हो सके। हर प्रतिभागी हरे रंग के पहनावे में उपस्थित होगा, जो सावन की पारंपरिक छटा को सजीव करेगा। यह कार्यक्रम शाम 4 बजे से प्रारंभ होगा और इसे सांस्कृतिक संध्या के रूप में मनाया जाएगा।
जीकेसी का उद्देश्य और संदेश
जीकेसी लगातार अपने सामाजिक एवं सांस्कृतिक आयोजन के माध्यम से समाज में एकता, परंपरा और प्रगति का संदेश देते आया है। ‘सावन महोत्सव’ सिर्फ मौसम के सौंदर्य के प्रति समर्पण नहीं, बल्कि कायस्थ समाज की सामाजिक जीवन्तता और सांस्कृतिक चेतना का भी प्रतीक बनेगा।
समारोह में प्रमुख व्यक्ति और अपील
ग्लोबल उपाध्यक्ष एवं बिहार प्रदेश अध्यक्ष दीपक अभिषेक ने सभी सदस्यों से आग्रह किया है कि वे परिवार सहित कार्यक्रम में पहुंचकर इसकी गरिमा बढ़ाएँ और सावन महोत्सव को यादगार बनाएं। इस आयोजन में जीकेसी के कई प्रमुख पदाधिकारी और सदस्य अपने परिवारों के साथ भाग लेंगे, जिनमें श्राजीव रंजन प्रसाद, रागिनी रंजन एवं निलेश रंजन सहित अन्य नाम शामिल हैं।
संक्षेप में, ‘सावन महोत्सव’ न केवल एक पारिवारिक उत्सव है, बल्कि कायस्थ समाज की एकता, सांस्कृतिक विविधता और परंपरा का उत्सव भी है।
GKC to celebrate “Sawan Mahotsav” on August 3