देश वाणी। दिलीप दुबे
मोतिहारी। चन्दरहिया स्थित दी गुरुकुलम स्कूल में मोतिहारी वन प्रमंडल के सहयोग से प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण एवं प्रबंधन के उद्देश्य से एक पेड़ मां के नाम अन्तर्गत ‘पर्यावरण की पाठशाला सह पौधा रोपण कार्यक्रम’ का आयोजन किया गया। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. कमलेश कुमार ने कहा कि पेड़ केवल हमें ऑक्सीजन ही नहीं देते, बल्कि जल, मिट्टी, जैव विविधता और मानव जीवन के संतुलन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कहा कि पेड़-पौधे तापमान को नियंत्रित करने, वर्षा चक्र को बनाए रखने तथा प्रदूषण कम करने में सहायक हैं।
डॉ. स्नेहा एस. चौरसिया ने बताया कि प्लास्टिक मिट्टी, जलस्रोतों और जीव-जंतुओं के लिए गंभीर खतरा बनता जा रहा है। उन्होंने बच्चों से सिंगल यूज प्लास्टिक का उपयोग कम करने तथा इसके स्थान पर पर्यावरण अनुकूल विकल्प अपनाने का आह्वान किया।
सामाजिक कार्यकर्ता विनय कुमार ने जलवायु परिवर्तन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि लगातार बढ़ता तापमान, अनियमित वर्षा तथा एक ही क्षेत्र में बाढ़ और सूखे जैसी परिस्थितियों का उत्पन्न होना प्राकृतिक असंतुलन के गंभीर संकेत हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से अधिक से अधिक पौधे लगाने के साथ-साथ उनकी नियमित देखभाल करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर विद्यालय के निदेशक अभिषेक कुमार, प्राचार्य पिंकी राय, प्रबंधक सुभेन्दु कुमार व कार्यक्रम का संचालन कर रहे देवर्ति बनर्जी ने विद्यार्थियों से पर्यावरण संरक्षण को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने की अपील की।
कार्यक्रम के अंत में अतिथियों एवं विद्यार्थियों ने विद्यालय परिसर में पौधारोपण किया तथा स्वच्छ, हरित एवं सुरक्षित भविष्य के निर्माण का संकल्प लिया। मौके पर नीरज कुमार, प्रियांशु, गोलक मंडल आदि लोग मौजूद रहे।












