-पंडित दीनदयाल उपाध्याय उद्यानिकी एवं वानिकी महाविद्यालयकी छात्राओं ने आईसीएआर–जूनियर रिसर्च फेलोशिप 2026 में लहराया परचम
महाविद्यालय की सफल चार छात्राओं की तश्वीर
माला सिन्हा
पीपराकोठी : पंडित दीनदयाल उपाध्याय उद्यानिकी एवं वानिकी महाविद्यालयकी छात्राओं ने आईसीएआर–जूनियर रिसर्च फेलोशिप 2026 परीक्षा में शानदार प्रदर्शन करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर महाविद्यालय का नाम गौरवान्वित किया है. महाविद्यालय की चार छात्राओं ने हॉर्टिकल्चर विषय में उत्कृष्ट अखिल भारतीय रैंक प्राप्त की है. आईसीएआर–जूनियर रिसर्च फेलोशिप परीक्षा भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद द्वारा प्रत्येक वर्ष राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित की जाती है, जिसके माध्यम से कृषि एवं संबद्ध विषयों में स्नातकोत्तर शिक्षा में प्रवेश के लिए विद्यार्थियों का चयन किया जाता है. इस प्रतिष्ठित परीक्षा में काजल यादव ने अखिल भारतीय स्तर पर 8वीं रैंक (AIR-8), अन्नू ने 23वीं रैंक (AIR-23), आयुषी ने 39वीं रैंक (AIR-39) तथा हर्षवी ने 61वीं रैंक (AIR-61) हासिल की. इस शानदार उपलब्धि पर डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा के माननीय कुलपति ने सभी सफल विद्यार्थियों को हार्दिक बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की. उन्होंने विद्यार्थियों के उत्कृष्ट प्रदर्शन को विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताया. वहीं, महाविद्यालय, के अधिष्ठाता डॉ. कुंदन किशोर ने सभी सफल छात्राओं को उनकी कड़ी मेहनत, लगन एवं समर्पण के लिए बधाई दी. उन्होंने छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें भविष्य में भी उच्च शिक्षा एवं अनुसंधान के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित किया. साथ ही उन्होंने इस शानदार परिणाम में महाविद्यालय के सभी शिक्षकों के निरंतर मार्गदर्शन, कठिन परिश्रम एवं समर्पित प्रयासों की भी सराहना की. महाविद्यालय के चार विद्यार्थियों द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर प्राप्त इस उत्कृष्ट सफलता के बाद इन छात्राओं का देश के प्रतिष्ठित कृषि एवं उच्च शिक्षण संस्थानों में स्नातकोत्तर शिक्षा हेतु प्रवेश का मार्ग प्रशस्त हुआ है. सफल छात्राओं ने भविष्य में कृषि अनुसंधान के क्षेत्र में कार्य करने एवं कृषि क्षेत्र के विकास में योगदान देने की अपनी रुचि भी व्यक्त की. महाविद्यालय परिवार ने छात्राओं की इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उनके उज्ज्वल शैक्षणिक एवं शोध भविष्य की कामना की. यह सफलता पंडित दीनदयाल उपाध्याय उद्यानिकी एवं वानिकी महाविद्यालय के लिए गौरव का विषय है.



